सूरजपुर:–जिले में प्रतिदिन सैकड़ो ट्रक ओवरलोड होकर रोड पर चल रहे हैं लेकिन शासन प्रशासन के द्वारा इनके ऊपर कोई कार्यवाही नहीं की जा रही।

जानकारी के अनुसार एसईसीएल बिश्रामपुर क्षेत्र में खुली खदान को पाटने के लिए सूरजपुर जिला में ट्रक में भरकर राखर का संचालन पिछले डेढ़ महीने से चल रहा है जिसमें की भारी वाहनों में राखर को ओवरलोड भरकर कोरबा और बिलासपुर और रायगढ़ क्षेत्र से लाया जा रहा है जिसमें की ट्रक में लगातार ओवरलोड का संचालन किया जा रहा है वही बता दें कि ट्रक का वेट पुराने ट्रेलर का वेट माल सहित 45 टन पासिंग है

और नई गाड़ी का 55 टन पासिंग है लेकिन नेशनल हाईवे NH 43 पर रायगढ़ से लेकर बिलासपुर कोरबा से आने वाली टेलर में 12 से 15 टन ओवरलोड लेकर बिश्रामपुर एसईसीएल क्षेत्र में खुलेआम यातायात के नियम की धज्जियां उड़ाते हुए कार्य किया जा रहा है वही बता दे की लगभग गाड़ियों में डेढ़ से 2 फीट की चादर भी लगाई गई है वही जब इस विषय में सूरजपुर जिला के आरटीओ अधिकारी से बात किया गया तो उन्होंने कहा कि हमको इसका जानकारी नहीं है जल्द ही इसका जांच कराया जाएगा जब हमारे द्वारा एसईसीएल के जिम्मेदार अधिकारी से बात किया गया तो उन्होंने कहा कि यह एनटीपीसी से कांटा होकर राखड़ आ रही है इसके जिम्मेदार वह लोग हैं जो नियमों की धज्जियां उड़ा रहे हैं

हमारा काम यह देखने का नहीं की अंडर लोड आ रहा है कि ओवरलोड यह देखने का कार्य शासन प्रशासन का है बता दें कि बीते कुछ दिनों पहले विश्रामपुर के कुछ युवाओं के द्वारा एसडीम सूरजपुर को ज्ञापन दिया गया था जिसमें दर्शाया गया था कि कैसे जब ट्रक राखड़ खाली कर देते हैं तो वह मार्केट में तेज रफ्तार से चलते हैं जिसमें धूल मिट्टी उड़ता है जो की दुकानों में रखे सामान को भी क्षति पहुंचा रहे हैं और आने-जाने वालों की आंखों में भी धूल मिट्टी पड़ती है जिसमें एक्सीडेंट होने का भी खतरा है अब देखने वाली बात है की खबर चलने के बाद क्या शासन प्रशासन इन ओवरलोड वाहनों पर कार्रवाई करते है कि नहीं मजे की बात तो यह है कि खाली सूरजपुर जिले के अधिकारियों की जिम्मेदारी नहीं बनती यह राखड़ कोरबा से लेकर बिलासपुर से लेकर रायगढ़ जिले से आ रहा है जहां की कई जिम्मेदार अधिकारियों के एरिया से होकर यह ट्रक में लोड कर विश्रामपुर लाया जा रहा है आखिर कौन करेगा कार्यवाही यह तो देखने वाला विषय होगा।